कक्षा का बहुभाषिक संदर्भ यह माँग करता है कि—
2019
कक्षा का बहुभाषिक संदर्भ यह माँग करता है कि—
- A.
बच्चों की मातृभाषा को कक्षा में स्थान दिया जाए।
- B.
बच्चों की मातृभाषा को ही पढ़ाया जाए।
- C.
बच्चों को चार-चार भाषाएँ पढ़ाई जाएँ।
- D.
बच्चों का भाषा-आकलन बिल्कुल न हो।
Show answer & explanation
Correct answer: A
अवधारणा
राष्ट्रीय पाठ्यचर्या रूपरेखा (NCF 2005) और भारतीय भाषाओं के शिक्षण संबंधी स्थिति-पत्र के अनुसार, कक्षा की बहुभाषिकता को एक समस्या नहीं बल्कि सीखने के एक संसाधन के रूप में देखा जाता है। सिद्धांत यह है कि बच्चा घर पर जिस भाषा/बोली में सहज है, उसे अधिगम-प्रक्रिया में उचित स्थान और सम्मान मिलना चाहिए, ताकि वह नई भाषाओं व अवधारणाओं को समझने का सेतु बन सके।
अनुप्रयोग
इस प्रश्न में कक्षा के बहुभाषिक संदर्भ की माँग यही है कि बच्चों की मातृभाषा को कक्षा-गतिविधियों, चर्चा और अधिगम-प्रक्रिया में उचित स्थान दिया जाए, न कि उसे पूरी तरह बाहर रखा जाए या किसी एक निश्चित प्रारूप में सीमित कर दिया जाए। इससे बच्चे अपने पूर्व-भाषिक अनुभव का उपयोग करके नई अवधारणाएँ बेहतर ढंग से ग्रहण कर पाते हैं।
अन्य विकल्पों से तुलना
"मातृभाषा को ही पढ़ाया जाए": यह कथन शिक्षण को केवल एक भाषा तक सीमित कर देता है और कक्षा की बहुभाषिक वास्तविकता को अनदेखा करता है, जबकि सिद्धांत मातृभाषा को स्थान देने की बात करता है, उसे एकमात्र माध्यम बनाने की नहीं।
"चार-चार भाषाएँ पढ़ाई जाएँ": यह प्रत्येक बच्चे के लिए भाषाओं की एक निश्चित एवं स्वेच्छाचारी संख्या तय करता है; भाषा-नीति (जैसे त्रि-भाषा सूत्र) किसी बड़ी निश्चित संख्या को अनिवार्य नहीं बताती।
"भाषा-आकलन बिल्कुल न हो": सतत एवं व्यापक मूल्यांकन (CCE) की भावना के विपरीत, आकलन को पूर्णतः हटा देना उचित शिक्षण-अभ्यास नहीं माना जाता; आकलन का स्वरूप बदल सकता है, उसका समाप्त होना अपेक्षित नहीं है।
परिणाम
अतः वह कथन जो बच्चों की मातृभाषा को कक्षा में स्थान देने की बात करता है, कक्षा के बहुभाषिक संदर्भ की माँग को सही ढंग से दर्शाता है।