एक गोले का व्यास, एक छोटे गोले के व्यास से 14 cm अधिक है। बड़े गोले का पृष्ठीय…

2025

एक गोले का व्यास, एक छोटे गोले के व्यास से 14 cm अधिक है। बड़े गोले का पृष्ठीय क्षेत्रफल, छोटे गोले के पृष्ठीय क्षेत्रफल से 1232 cm² अधिक है। बड़े गोले का व्यास (cm में) ज्ञात कीजिए। (π = 22/7 का उपयोग कीजिए)

Answer: A. 21संकल्पना (Concept)गोले का पृष्ठीय क्षेत्रफल A = 4πr² होता है, जहाँ r त्रिज्या है। यदि व्यास D = 2r हो, तो A = 4π(D/2)² = πD²। अतः दो गोलों के पृष्ठीय…

  1. A.

    21

  2. B.

    10.5

  3. C.

    28

  4. D.

    14

Attempted by 14 students.

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Correct answer: A

संकल्पना (Concept)

गोले का पृष्ठीय क्षेत्रफल A = 4πr² होता है, जहाँ r त्रिज्या है। यदि व्यास D = 2r हो, तो A = 4π(D/2)² = πD²। अतः दो गोलों के पृष्ठीय क्षेत्रफलों का अंतर होगा: A₁ − A₂ = π(D₁² − D₂²) = π(D₁ − D₂)(D₁ + D₂), जो वर्गों के अंतर की सर्वसमिका पर आधारित है।

अनुप्रयोग (Application)

  1. मान लीजिए बड़े गोले का व्यास D तथा छोटे गोले का व्यास d है।

  2. दिया है: D − d = 14 ... (समीकरण 1)

  3. दिया है: π(D² − d²) = 1232

  4. π = 22/7 रखने पर: D² − d² = 1232 × 7/22 = 392

  5. सर्वसमिका D² − d² = (D − d)(D + d) का प्रयोग करने पर: 14 × (D + d) = 392, अतः D + d = 28 ... (समीकरण 2)

  6. समीकरण (1) और (2) को जोड़ने पर: 2D = 42, अतः D = 21 cm

जाँच (Cross-check)

D = 21 cm तथा d = D − 14 = 7 cm रखकर स्वतंत्र रूप से पुनः जाँच करें: बड़े गोले की त्रिज्या r₁ = 10.5 cm, पृष्ठीय क्षेत्रफल = 4 × (22/7) × (10.5)² = 1386 cm². छोटे गोले की त्रिज्या r₂ = 3.5 cm, पृष्ठीय क्षेत्रफल = 4 × (22/7) × (3.5)² = 154 cm². अंतर = 1386 − 154 = 1232 cm², जो दी गई शर्त से पूर्णतः मेल खाता है, और D − d = 21 − 7 = 14 भी सत्यापित होता है।

अतः बड़े गोले का व्यास = 21 cm.

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