निर्देश : निम्नलिखित कविता को पढ़कर पूछे गए प्रश्नों में सही/सबसे उपयुक्त…
2023
निर्देश : निम्नलिखित कविता को पढ़कर पूछे गए प्रश्नों में सही/सबसे उपयुक्त उत्तर वाले विकल्प को चुनिए ।
जिन्हें सपने अपने पाने हैं
बन जाते वे तो दीवाने हैं
गर लक्ष्य जो साधा है तूने
उसे पाने की कोशिश तू कर
चल आगे बढ़, तूफ़ानों से न डर ।
चल कश्ती उठा, सागर में उतर ।
है रात अँधेरी फ़िक्र है क्या
एक दिन आएगी अपनी सहर
चल कश्ती उठा, सागर में उतर ।
कविता के अनुसार अपने स्वप्नों को पूर्ण करने के लिए आवश्यक है :
Answer: A. निष्ठा एवं इच्छा शक्ति होना । — अवधारणा: काव्यांश-आधारित बोध प्रश्नों में सही विकल्प वही होता है जो कविता के केंद्रीय भाव से निकले, न कि वह जो पाठ में कहीं वर्णित ही नहीं है। प्रस्तुत कविता…
- A.
निष्ठा एवं इच्छा शक्ति होना ।
- B.
अनुकूल परिस्थितियाँ होना ।
- C.
स्वप्न देख पाना ।
- D.
धन-संपदा का होना ।
Attempted by 8 students.
Show answer & explanation
Correct answer: A
अवधारणा:
काव्यांश-आधारित बोध प्रश्नों में सही विकल्प वही होता है जो कविता के केंद्रीय भाव से निकले, न कि वह जो पाठ में कहीं वर्णित ही नहीं है। प्रस्तुत कविता एक प्रेरणादायी रचना है जो लक्ष्य की प्राप्ति हेतु दृढ़ निष्ठा और सतत प्रयास (इच्छा शक्ति) पर बल देती है, चाहे परिस्थितियाँ कितनी भी प्रतिकूल क्यों न हों।
अनुप्रयोग:
कविता की पंक्तियाँ इसे स्पष्ट करती हैं — 'जिन्हें सपने अपने पाने हैं, बन जाते वे तो दीवाने हैं' यह दर्शाता है कि लक्ष्य के प्रति गहरी निष्ठा (दीवानापन) आवश्यक है। 'गर लक्ष्य जो साधा है तूने, उसे पाने की कोशिश तू कर' और 'चल आगे बढ़, तूफ़ानों से न डर' पंक्तियाँ सतत प्रयास और इच्छा शक्ति की आवश्यकता बताती हैं। 'है रात अँधेरी फ़िक्र है क्या, एक दिन आएगी अपनी सहर' यह स्पष्ट करता है कि परिस्थितियाँ प्रतिकूल (अंधेरी रात) होने पर भी बढ़ते रहना ही अपेक्षित है।
तुलना एवं निष्कर्ष:
अनुकूल परिस्थितियाँ होना — कविता में स्थितियाँ अनुकूल नहीं, प्रतिकूल (अंधेरी रात, तूफ़ान) दर्शाई गई हैं, फिर भी आगे बढ़ने का आह्वान है; अतः यह कथन कविता के भाव के विपरीत है।
स्वप्न देख पाना — कविता पहले से मान लेती है कि सपना देखा जा चुका है ('लक्ष्य जो साधा है तूने') और उसके आगे प्रयास पर बल देती है; अतः केवल स्वप्न देख पाना पर्याप्त नहीं बताया गया।
धन-संपदा का होना — कविता में धन या संपदा का कोई उल्लेख नहीं है; संघर्ष, साहस और प्रयास ही इसके केंद्रीय विषय हैं।
अतः कविता के अनुसार स्वप्नों को पूर्ण करने के लिए निष्ठा एवं इच्छा शक्ति का होना आवश्यक है।