निम्नलिखित में से कौन त्रुटियुक्त आगमन के दोष का रूप नहीं हैं? A. अनभिज्ञता से…
2024
निम्नलिखित में से कौन त्रुटियुक्त आगमन के दोष का रूप नहीं हैं?
A. अनभिज्ञता से युक्ति
B. जटिल प्रश्न
C. मिथ्या कारण
D. अविचारित सामान्यीकरण
E. आत्माश्रय दोष
नीचे दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर का चयन कीजिए:
Answer: B. केवल B और E — संकल्पना। मानक (Copi–Cohen) वर्गीकरण में अनौपचारिक दोषों को उनके द्वारा की जाने वाली त्रुटि के प्रकार के आधार पर वर्गीकृत किया जाता है। त्रुटियुक्त आगमन का…
- A.
केवल A और C
- B.
केवल B और E
- C.
केवल D और E
- D.
केवल A और B
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Correct answer: B
संकल्पना। मानक (Copi–Cohen) वर्गीकरण में अनौपचारिक दोषों को उनके द्वारा की जाने वाली त्रुटि के प्रकार के आधार पर वर्गीकृत किया जाता है। त्रुटियुक्त आगमन का दोष ऐसे आधारवाक्यों से युक्त होता है जो निष्कर्ष से प्रासंगिक तो होते हैं, किंतु आगमनात्मक रूप से उसका समर्थन करने के लिए अत्यंत दुर्बल होते हैं; इसके मान्य सदस्यों में अनभिज्ञता से युक्ति (argumentum ad ignorantiam), अनुचित प्राधिकार की दुहाई (argumentum ad verecundiam), मिथ्या कारण (post hoc ergo propter hoc) और अविचारित सामान्यीकरण (converse accident) सम्मिलित हैं। पूर्वधारणा का दोष एक भिन्न प्रकार से विफल होता है: युक्ति किसी ऐसी बात को मौन रूप से पूर्वस्वीकृत मान लेती है जिसे उसने कभी स्थापित ही नहीं किया, और इसके सदस्यों में आकस्मिकता दोष, जटिल प्रश्न और आत्माश्रय दोष (petitio principii) सम्मिलित हैं।
अनुप्रयोग। सूचीबद्ध पाँचों मदों को इन दोनों परिभाषाओं की कसौटी पर परखें:
सूचीबद्ध दोष | उसमें निहित त्रुटि | वर्ग |
|---|---|---|
अनभिज्ञता से युक्ति | खंडन के अभाव को सकारात्मक साक्ष्य मानना | त्रुटियुक्त आगमन का दोष |
जटिल प्रश्न | प्रश्न में ही एक अस्थापित मान्यता को समाविष्ट करना | पूर्वधारणा का दोष |
मिथ्या कारण | मात्र अनुक्रम या सहसंबंध को कारणात्मक संबंध मानना | त्रुटियुक्त आगमन का दोष |
अविचारित सामान्यीकरण | अत्यल्प, अप्रतिनिधिक उदाहरणों से सामान्यीकरण करना | त्रुटियुक्त आगमन का दोष |
आत्माश्रय दोष | जिस निष्कर्ष को सिद्ध करना है, उसी को आधारवाक्य में मान लेना | पूर्वधारणा का दोष |
अतः सूचीबद्ध मदों में वे दो मद, जो त्रुटियुक्त आगमन के दोष नहीं हैं, जटिल प्रश्न और आत्माश्रय दोष हैं; इसलिए प्रश्न का उत्तर देने वाला विकल्प केवल B और E है।
प्रति-परीक्षण। दिए गए प्रत्येक अन्य युग्म में त्रुटियुक्त आगमन का कम-से-कम एक वास्तविक दोष—अनभिज्ञता से युक्ति, मिथ्या कारण या अविचारित सामान्यीकरण—सम्मिलित है; अतः किसी अन्य युग्म में केवल इस वर्ग के असदस्य नहीं हो सकते। यह अंतर स्मरणीय है: त्रुटियुक्त आगमन प्रस्तुत साक्ष्य की सामर्थ्य के स्तर पर विफल होता है, जबकि पूर्वधारणा का दोष किसी भी साक्ष्य का मूल्यांकन किए जाने से पूर्व मान ली गई बात के स्तर पर विफल होता है।